नज़्म

दो शा’इर, दो नज़्में (2): मख़दूम और फै़ज़…

Makhdoom Aur Faiz Ki Nazm मख़दूम मुहिउद्दीन की नज़्म: "चारागर" इक चमेली के मंडवे-तले मय-कदे से ज़रा दूर उस मोड़...

दो शा’इर, दो नज़्में (1): परवीन शाकिर और सरदार जाफ़री…

Parveen Shakir Sardar Jafri: साहित्य दुनिया में हम आज 'दो शा'इर, दो नज़्में' सीरीज़ शुरू'अ कर रहे हैं.आज हम परवीन...

मई दिवस: सलाम मछलीशहरी की नज़्म….”सड़क बन रही है”

मई दिवस पर साहित्य दुनिया की ओर से पाठकों के लिए पेश कर रहे हैं सलाम मछली शहरी की मशहूर...

इक़बाल की पुण्यतिथि पर उनको याद करते हुए उनके दस शे’र…

Iqbal ke Top Sher: महान उर्दू और फ़ारसी शा'इर मुहम्मद इक़बाल की आज पुण्यतिथि है. उनका जन्म 9 नवम्बर 1877...