गद्य

‘तुम्हें ढूँढते हुए’ कहानी का पहला भाग

लेखक- अरग़वान रब्बही सुबह सुबह के आठ बजने वाले थे। दिल्ली अपनी पूरी रफ़्तार से जाग चुकी थी। सड़कों पर...

आर्थर कॉनन डॉयल की कहानी ‘उनका अंतिम धनुष’ (His Last Bow)

‘उनका अंतिम धनुष’ (His Last Bow) आर्थर कॉनन डॉयल की प्रसिद्ध Sherlock Holmes कहानियों में शामिल है। इस कहानी में...

कोलुशा – मैक्सिम गोर्की

मैक्सिम गोर्की की कहानी - कोलुशा क़ब्रिस्तान का वह कोना, जहाँ भिखारी दफ़नाये जाते हैं। पत्तों से छितरे, बारिश से...

चन्द्रधर शर्मा गुलेरी की कहानी- ‘उसने कहा था’

उसने कहा था - चंद्रधर शर्मा 'गुलेरी' बड़े-बड़े शहरों के इक्के-गाड़ी वालों की ज़बान के कोड़ों से जिनकी पीठ छिल...

भिखारिन – रबीन्द्रनाथ टैगोर

Bhikharin Rabindranath Tagore - अन्धी प्रतिदिन मन्दिर के दरवाजे पर जाकर खड़ी होती, दर्शन करने वाले बाहर निकलते तो वह...

दिनों की लाशें — अरग़वान रब्बही

DinoN Ki LaasheN ~~ अरग़वान रब्बही ट्रेन की खिड़की से बाहर साथ-साथ चलते अंधेरों के बीच अंदर सोए लोगों की...

पहलवान की ढोलक – फणीश्वरनाथ रेणु

Pahalwan Ki Dholak लेखक - फणीश्वरनाथ रेणु (Phanishwar Nath Renu) ________________ जाड़े का दिन। अमावस्या की रात—ठंडी और काली। मलेरिया...