Sahir Ki Shayari Top Urdu Shayari Sahir Ludhianvi Life Story

Sahir Ki Shayari

Sahir Ki Shayari
ख़ुद्दारियों के ख़ून को अर्ज़ां ना कर सके
हम अपने जौहरों को नुमायाँ ना कर सके

होकर ख़राब-ए-मै तेरे ग़म तो भुला दिए
लेकिन ग़म-ए-हयात को दरमाँ ना कर सके

टूटा तिलिस्म-ए-अहद-ए-मुहब्बत कुछ इस तरह
फिर आरज़ू की शम्म’आ फ़रोज़ाँ ना कर सके

हर शै क़रीब आके कशिश अपनी खो गयी
वो भी इलाज-ए-शौक़-ए-गुरेज़ाँ ना कर सके

किस दर्जा दिलशिकन थे मुहब्बत के हादसे
हम ज़िन्दगी में फिर कोई अरमां ना कर सके

मायूसियों ने छीन लिए दिल के वलवले
वो भी निशात-ए-रूह का सामाँ ना कर सके

(साहिर लुधियानवी) Sahir Ki Shayari

साहिर लुधियानवी: संगीतकार से भी ज़्यादा शोहरत कमाने वाला गीतकार
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