आलोकधन्वा की कविता – भागी हुई लड़कियाँ

Alok Dhanwa Bhagi Hui Ladkiyan

Alok Dhanwa Bhagi Hui Ladkiyan ~ आलोक धन्वा का जन्म 2 जुलाई 1948 ई० में मुंगेर (बिहार) में हुआ. धन्वा को हिन्दी के बड़े कवियों में शुमार किया जाता है. आलोक धन्वा को कविता के क्षेत्र में विशेष पहचान 70 के दशक में मिली. उनकी कविताओं का अंग्रेज़ी और रूसी भाषाओं में अनुवाद हुआ है. … Read more

दीपावली के मिथकीय और लोकधारात्मक संदर्भ: डॉ. कर्मजीत सिंह

Diwali Ke Mithkeey Sandarbh

Diwali Ke Mithkeey Sandarbh ~ (इस लेख को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, कुरुक्षेत्र के पंजाबी विभाग के पूर्व प्रोफेसर डॉ.कर्मजीत सिंह ने पंजाबी भाषा में लिखा था, जिसका हिंदी अनुवाद किया है कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के हिंदी-विभाग के प्रोफ़ेसर सुभाषचंद्र ने) दिवाली भारतीयों का विशिष्ट त्योहार है। यह रौशनी का त्योहार है, इसलिए ज्ञान का प्रतीक बन गया … Read more

इस साहित्यकार के जन्मदिन को ‘हिन्दी-दिवस’ के रूप में मनाया जाता है….

Rajendra Sinha Hindi Divas 

हम में से अधिकतर लोग ये जानते हैं कि आज या’नी १४ सितम्बर को ‘हिन्दी दिवस’  मनाया जाता है. इसका कारण ये है कि भारत ने आज ही की तारीख़ में सन १९४९ में हिन्दी को राजभाषा के रूप में स्वीकार किया था. परन्तु हम में से अधिकतर लोगों को इस बारे में शायद ही … Read more