साहित्य दुनिया

अकाल और उसके बाद – नागार्जुन

कई दिनों तक चूल्हा रोया, चक्की रही उदास कई दिनों तक कानी कुतिया सोई उनके पास कई दिनों तक लगी...

लू शुन की कहानी- साबुन की टिकिया

sabun ki tikiya श्रीमती किंग कमरे की उत्तर वाली खिड़की की ओर पीठ करके, सूरज की अन्तिम किरणों की रोशनी...

मिर्ज़ा जाफ़र अली ‘हसरत’ की शायरी

Mirza Jafar Ali Hasrat Sher मिर्ज़ा जाफ़र अली 'हसरत' लखनऊ के थे. वो रायस्वरुप सिंह 'दीवाना' के शिष्य थे. उन्होंने...

दाग़ देहलवी के मशहूर शेर..

Daagh Dehlvi Shayari दाग़ देहलवी उर्दू के उस्ताद शाइरों में शुमार किए जाते हैं. नवाब मिर्ज़ा ख़ान (25 मई 1831...

मुझसे पहली सी मुहब्बत मिरी महबूब न माँग

Mujhse Pahli Si Muhabbat मुझसे पहली सी मुहब्बत मिरी महबूब न माँग मैंने समझा था कि तू है तो दरख़्शाँ...

दिल को छू लेने वाले ख़ूबसूरत शेर..

Deep Shayari हज़ारों ख़्वाहिशें ऐसी कि हर ख़्वाहिश पे दम निकले, बहुत निकले मिरे अरमान लेकिन फिर भी कम निकले...