बहज़ाद लखनवी के बेहतरीन शेर…
Behzad Lucknowi Best Sher ऐ जज़्बा-ए-दिल गर मैं चाहूँ हर चीज़ मुक़ाबिल आ जाए मंज़िल के लिए दो गाम चलूँ...
Shayar Aur Sher : ‘साहित्य दुनिया’ के ज़रिए कोशिश ये है कि लोगों की रूचि साहित्य और भाषा में बढ़े। ये साहित्य और भाषा से जुड़ी बातों को बड़े-बड़े और गम्भीर वाक्यों से न समझाकर उसे सरल, बोलचाल की भाषा में आम जन तक पहुँचाने का प्रयास है।
Behzad Lucknowi Best Sher ऐ जज़्बा-ए-दिल गर मैं चाहूँ हर चीज़ मुक़ाबिल आ जाए मंज़िल के लिए दो गाम चलूँ...
Adam Gondvi जो डलहौज़ी न कर पाया वो ये हुक्काम कर देंगे कमीशन दो तो हिंदुस्तान को नीलाम कर देंगे...
जब भी मिलती है मुझे अजनबी लगती क्यूँ है ज़िंदगी रोज़ नए रंग बदलती क्यूँ है धूप के क़हर का...
Nida Fazli Best Sher घर से मस्जिद है बहुत दूर चलो यूँ कर लें किसी रोते हुए बच्चे को हँसाया...
Parveen Shakir Best Sher अब भला छोड़ के घर क्या करते शाम के वक़्त सफ़र क्या करते परवीन शाकिर _________...
Nasir Kazmi Best Sher ग़म है या ख़ुशी है तू मेरी ज़िंदगी है तू नासिर काज़मी ______ आफ़तों के दौर...
लहू-लुहान नज़ारों का ज़िक्र आया तो शरीफ़ लोग उठे दूर जा के बैठ गए ______ तू किसी रेल सी गुज़रती...
Zauq Ki Shayari शेख़ इब्राहीम ज़ौक़ तू जान है हमारी और जान है तो सब कुछ ईमान की कहेंगे ईमान...
Ahmad Faraz Best Shayari किस किस को बताएँगे जुदाई का सबब हम तू मुझसे ख़फ़ा है तो ज़माने के लिए...
Gulzar Best Sher ~ आज के दौर के सबसे सम्मानित शाइरों का जब ज़िक्र होगा तो गुलज़ार का ज़िक्र सबसे...