बुलाती है मगर जाने का नईं

Bulati hai magar jaane

Bulati hai magar jaane ka naiN बुलाती है मगर जाने का नईं वो दुनिया है उधर जाने का नईं सितारे नोच कर ले जाऊँगा मैं ख़ाली हाथ घर जाने का नईं मिरे बेटे किसी से इश्क़ कर मगर हद से गुज़र जाने का नईं वो गर्दन नापता है नाप ले मगर ज़ालिम से डर जाने … Read more

दर्द मिन्नत-कश-ए-दवा न हुआ ~ मिर्ज़ा ग़ालिब

Mirza Ghalib ki shayari Ghalib Shayari Rubai Naqsh Fariyadi Hai Dard Minnat Kash Yak Zarra e Zamin Nahini Bekaar Baagh Ka Mirza Ghalib ke sher

Dard Minnat Kash e Dava Na Hua ~ Mirza Ghalib दर्द मिन्नत-कश-ए-दवा न हुआ मैं न अच्छा हुआ बुरा न हुआ जम्अ’ करते हो क्यूँ रक़ीबों को इक तमाशा हुआ गिला न हुआ हम कहाँ क़िस्मत आज़माने जाएँ तू ही जब ख़ंजर-आज़मा न हुआ कितने शीरीं हैं तेरे लब कि रक़ीब गालियाँ खा के बे-मज़ा … Read more

तहज़ीब हाफ़ी की ग़ज़लें

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Tehzeeb Hafi Shayari Hindi ग़ज़ल 1: इस एक डर से ख़्वाब देखता नहीं मैं जो भी देखता हूँ भूलता नहीं माँ पर बेहतरीन शेर.. किसी मुंडेर पर कोई दिया जला फिर इस के बाद क्या हुआ पता नहीं अभी से हाथ काँपने लगे मिरे अभी तो मैं ने वो बदन छुआ नहीं मैं आ रहा … Read more

मिर्ज़ा रफ़ी सौदा की रुबाइयाँ और ग़ज़लें

Mirza Rafi Sauda Shayari

Mirza Rafi Sauda Shayari रुबाइयाँ Mirza Rafi Sauda Shayari 1. गर यार के सामने मैं रोया तो क्या, मिज़्गाँ में जो लख़्त-ए-दिल पिरोया तो क्या ये दाना-ए-अश्क सब्ज़ होना मालूम इस शूर ज़मीं में तुख़्म बोया तो क्या 2. ऐ शैख़-ए-हरम तक तुझे आना जाना, ये तौफ़ जुलाहे काहे ताना बाना पहचानेगा वाँ क्या उसे … Read more

‘इश्क़ अब मेरी जान है गोया ~ जलील मानिकपुरी

Chaand Shayari Ishq ab meri jaan hai goya - Jaleel Manikpuri

Ishq ab meri jaan hai goya – Jaleel Manikpuri ‘इश्क़ अब मेरी जान है गोया जान अब मेहमान है गोया सोज़-ए-दिल कह रही है महफ़िल में शम’ मेरी ज़बान है गोया जिसको देखो वही है गर्म-ए-तलाश कहीं उस का निशान है गोया है क़यामत उठान ज़ालिम की वो अभी से जवान है गोया छीने लेती … Read more

जिनके लिए अपने तो यूँ जान निकलते हैं ~ मीर तक़ी मीर

Meer Taqi Meer Shayari Jinke Liye Apne To

Jinke Liye Apne To YooN Jaan Nikalte Hain- Meer Taqi Meer जिनके लिए अपने तो यूँ जान निकलते हैं इस राह में वे जैसे अंजान निकलते हैं क्या तीर-ए-सितम उसके सीने में भी टूटे थे जिस ज़ख़्म को चीरूँ हूँ पैकान निकलते हैं मत सहल हमें जानो फिरता है फ़लक बरसों तब ख़ाक के पर्दे … Read more

मशहूर शाइर राहत इन्दौरी की 10 शानदार ग़ज़लें

Rahat Indori Top Ghazals

Rahat Indori Top Ghazals आज के दौर के मशहूर शायरों की बात की जाए तो उसमें राहत इन्दौरी का नाम ज़रूर आएगा. राहत की शायरी जितना मुशायरों में पसंद की जाती थी उसी तरह से उनकी किताबें भी ख़ूब पसंद की जाती रही हैं. ग़ज़ल 1: अंदर का ज़हर चूम लिया धुल के आ गए … Read more

शकेब जलाली की 10 शानदार ग़ज़लें

Shakeb Jalali Shayari Hindi

Shakeb Jalali Shayari Hindi शकेल जलाली उर्दू शायरी के बड़े शायरों में शुमार किए जाते हैं. शकेब की शायरी में जदीदियत का रँग देखने को मिलता है. उनकी दस ग़ज़लें हम यहाँ पोस्ट कर रहे हैं- ग़ज़ल 1: बद-क़िस्मती को ये भी गवारा न हो सका बद-क़िस्मती को ये भी गँवारा न हो सका हम … Read more

साहिर लुधियानवी की 10 मशहूर ग़ज़लें

Sahir Ludhianvi Top Ghazals

Sahir Ludhianvi Top Ghazals उर्दू शायरी की बात हो और इश्क़ की बात न हो, और इश्क़ की बात शायरी के साथ हो और साहिर लुधियानवी का नाम न हो, ऐसा संभव ही नहीं है. साहिर लेकिन जहाँ मुहब्बत की शायरी के लिए जाने जाते हैं वहीं इन्क़लाबी रंग भी उनके यहाँ खिल कर आता … Read more

तहज़ीब हाफ़ी की ग़ज़लें..

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1 Tehzeeb Hafi Ki Shayari तेरा चुप रहना मिरे ज़ेहन में क्या बैठ गया Tehzeeb Hafi Ki Shayari इतनी आवाज़ें तुझे दीं कि गला बैठ गया यूँ नहीं है कि फ़क़त मैं ही उसे चाहता हूँ जो भी उस पेड़ की छाँव में गया बैठ गया इतना मीठा था वो ग़ुस्से भरा लहजा मत पूछ … Read more